Ways to Keep Your Mind Sharp

Ways to Keep Your Mind Sharp| दिमाग़ तेज़ रखने के लिए कीजिए कुछ उपाय

Ways to Keep Your Mind Sharp दिमाग़ चलाते रहना बहुत लाभकारी है. चिकित्सा विज्ञानी शोध अध्ययनों के आधार पर ये सिद्ध कर चुके हैं. कि जो लोग मानसिक तौर पर खूब सक्रिय रहते हैं. उनका दिमाग़ चुस्त-दुरुस्त और स्वस्थ रहता है।

कुछ ख़ास उपाय

  • दाहिने हाथ वाले हैं तो बाएं हाथ से लिखिए।
  • याद कीजिए, किस तरह बचपन में गीतों या पंक्तियों को उल्टा करके बोला या गाया करते थे।

कभी-कभी रास्ता बदलकर जाइए

  • रोज़ाना के रास्ते की जगह घर जाने के लिए थोड़ा घुमावदार रास्ता चुनें।
  • आंखें बंद करके खाने की चीज़ों को पहचानने की कोशिश करें।

ब्रिस्क वॉक या स्विमिंग

  • ऐसी गतिविधियां, जिनसे हृदय गति बढ़े, वॉक या स्विमिंग अपनाएं।
  • शारीरिक गतिविधियों से दिमाग़ को होने वाली रक्त आपूर्ति में बढ़ोतरी होती है।

नियंत्रित वज़न  हो तो डिमेंशिया से बचेंगे

संतुलित और स्वास्थ्यवर्धक भोजन की भूमिका भी दिमाग़ को स्वस्थ रखने में महत्वपूर्ण होती है।

यदि हृदय को स्वस्थ और वज़न को संतुलित रखने वाला भोजन अपनाते हैं तो आप हाई कोलेस्ट्रॉल और हाई ब्लड प्रेशर से बचे रहते हैं।

शोध बताते हैं कि मध्य वय वाले मोटे लोगों में डिमेंशिया की आशंका बढ़ जाती है।

हेल्दी डाइट अपनाने के लिए भोजन को मक्खन, घी या क्रीम जैसी चीज़ों में पकाने के बजाय नट्स, सीड्स और ऑलिव जैसे साधनों से मिलने वाले तेल में पकाएं।

भरपूर मात्रा में मौसमी फल और सब्जि़यां भोजन में शामिल करें।

ये लत करती है सोचने-समझने की क्षमता को प्रभावित

अल्कोहल की लत अक्सर लोगों के सोचने, निर्णय लेने, बोलने, चलने-फिरने और याददाश्त पर असर करती है। अल्कोहल से दूर रहिए।

सीमित खेलें वीडियो गेम्स

वीडियो गेम्स जैसे साधन सीमित मात्रा में अपनाए जाएं तो दिमाग़ के मूवमेंट, याददाश्त योजना तथा मोटर स्किल को नियंत्रित करने वाले हिस्से को जागृत करने में भूमिका निभाते हैं।

 
संगीत से बेहतर होती याददाश्त

कोई भी वाद्ययंत्र बजाने का अभ्यास या सामान्य संगीत से जुड़ाव दिमाग़ के कार्य संचालन को दुरुस्त बनाने में मददगार हो सकता है।

इससे याददाश्त पर भी अच्छा असर पड़ता है।

दोस्तों का असर

असल जिंदगी में दोस्त बनाएं, जिनसे सुख-दुख की बातें साझा कर सकें।

अपने सामाजिक दायरे को बढ़ाएं। शांतचित्त रहें। तनाव से बचें। ध्यान तथा योगाभ्यास करें।

 

किताबें पढ़ने से लेकर कोई ज्ञानवर्धक या विचार-उत्प्रेरक भाषण सुनने, रेडियो का आनंद लेने, खेल खेलने, मातृभाषा के अतिरिक्त कोई अन्य भाषा सीखने जैसी अनेक तकनीक हैं, जो मस्तिष्क के व्यायाम के तौर पर अपनाई जा सकती हैं।

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